विकास दुबे को शरण देना इन दो लोगो को पड़ा भारी, हुए गिरफ्तार

विकास दुबे को शरण देना इन दो लोगो को पड़ा भारी, हुए गिरफ्तार

विकास दुबे के गुर्गों को शरण देने के आरोप में चौबेपुर पुलिस (कानपुर) ने दो लोगों को हिरासत में लिया है. उन्होंने बिकरू काण्ड के दो आरोपितों को अपने घर में शरण दी थी. 

बिल्हौर सीओ संतोष सिंह ने बताया कि आरो‌पितों की पहचान मध्य प्रदेश के ग्वालियर, गोले का मंदिर निवासी ओमप्रकाश पांडेय व सागर ताल‌ के अनिल पांडेय के रूप में हुई है. ये वांछित इनामिया क्रिमिनल शशिकांत पांडेय और शिवम दुबे को शरण दिए थे. दोनों के‌ विरूद्ध रिपोर्ट दर्ज की गई है. शनिवार को न्यायालय में पेश करने के बाद कारागार भेजा जाएगा.

वहीं, विकास दुबे के एनकाउंटर में ढेर होने के बाद कृष्णानगर पुलिस (लखनऊ) ने फरार चल रहे उसके छोटे भाई दीप प्रकाश उर्फ दीपक पर शिकंजा कसना प्रारम्भ कर दिया. इसी कड़ी में पुलिस ने उसकी पत्नी अंजलि से पता चले बैंक खातों का ब्योरा खंगाला. दो बैंक खातों का ब्योरा कानपुर से मंगवाया गया. लखनऊ में भी दीप के परिवार का एक बैंक खाता मिला है. वहीं दीप के अभी तक न मिलने पर पुलिस ने उसका गैर जमानती वारंट लेने की कवायद भी तेज कर दी है.

गौरतलब है कि शुक्रवार प्रातः काल विकास दुबे पुलिस एनकाउंटर में मार गया. कानपुर के बिकरू गांव में 2 जुलाई को आठ पुलिसवालों की मर्डर मुद्दे में विकास दुबे मुख्य आरोपी था. इस वारदात के बाद विकास दुबे पर 5 लाख का इनाम रखा गया था. पुलिस की माने तो उज्जैन से कानपुर लाते समय विकास दुबे ने भागने की प्रयास की. इस दौरान एनकाउंटर हुआ व वह मारा गया.