PMC बैंक के चेयरमैन की हुई गिरफ्तारी पुलिस ने ऐसे किया यह काम

PMC बैंक के चेयरमैन की हुई गिरफ्तारी पुलिस ने ऐसे किया यह काम

बैंक लि। के चेयरमैन एस। वरयाम सिंह (Waryam Singh) को मुंबई की आर्थिक क्राइम शाखा ने पकड़ लिया है। पुलिस ने शनिवार को यह जानकारी दी। पीएमसी बैंक में दो सप्ताह पहले अनियमितता उजागर होने के बाद से ही वरयाम सिंह (Waryam Singh) (68) लापता थे। मुंबई पुलिस ने उन्हें माहिम इलाके से धर दबोचा। मुंबई पुलिस के प्रवक्ता ने यह जानकारी दी।

पुलिस ने बोला कि उससे हाउसिंग डेवलपमेंट एंड इंफ्रास्ट्रचर लि। (एचडीआईएल) में 4,335 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी में पूछताछ की जाएगी। शनिवार दोपहर वरयाम सिंह (Waryam Singh) ने आर्थिक क्राइम शाखा को लेटर लिखा था जिसमें उसने बोला था कि वह ईओडब्ल्यू के समक्ष शाम में सेरेण्डर कर देगा। लेकिन उसे उसके छिपने के ठिकाने से अरैस्ट कर लिया गया।

पीएमसी बैंक का एमडी मुंबई में गिरफ्तार
इससे पहले 4 अक्टूबर को पंजाब एंड महाराष्ट्र कोऑपरेटिव बैंक के लापता प्रबंध निदेशक जॉय थॉमस को यहां 4,335 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के मुद्दे में हिरासत में लिया गया था। मुंबई पुलिस के प्रवक्ता डीसीपी प्रणय अशोक ने बताया, 'जी हां, हमने आर्थिक क्राइम शाखा की तरफ से दर्ज पीएमसी बैंक मुद्दे में ऑफिसर को अरैस्ट कर लिया है। ' पिछले चार दिनों से लापता थॉमस की गिरफ्तारी ऐसे समय में हुई है, जब एक दिन पहले गुरुवार को रियलिटी कंपनी एचडीआईएल के अध्यक्ष राकेश कुमार वाधवान व प्रबंधन निदेशक सारंग वाधवान को इसी विभाग ने हिरासत में लिया था व उनकी 3,500 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त कर ली थी।

महाराष्ट्र बीजेपी के उपाध्यक्ष कीर्ति सोमैया ने बोला कि पीएमसी बैंक के चेयरमैन वरयाम सिंह (Waryam Singh) की तलाश जारी है। आर्थिक क्राइम शाखा ने पिछले सोमवार को पीएमसी बैंक व एचडीआईएल के विरूद्ध कथित तौर पर 4,335 करोड़ रुपये का बैंक को नुकसान पहुंचाने के लिए एक मुद्दा दर्ज किया था। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने शुक्रवार को ही इसके पहले धनशोधन के लिए अलग से जाँच प्रारम्भ की व मुंबई में छह स्थानों पर छापे मारे।

ईडी सूत्रों ने बोला कि पीएमसी बैंक के प्रबंधक (रिकवरी डिपार्टमेंट) की शिकायत के बाद एक मुद्दा दर्ज किया गया। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि एडीआईएल के संकटग्रस्त ऋण खातों को दबाने के लिए 21,000 से अधिक फर्जी खाते बनाए गए। मुंबई पुलिस की प्राथमिकी में थॉमस, सिंह, वाधवान व अन्य अधिकारियों के नाम हैं व मुद्दे की जाँच के लिए एक विशेष जाँच दल गठित किया गया है।

वाधवान पहले ही हो चुके हैं अरेस्ट
इससे पहले 3 अक्टूबर को सारंग वाधवान व राकेश वाधवान को हिरासत में लिया गया था। पीएमसी बैंक को लोन में डुबाने वाले 44 बड़े एकाउंट ों में 10 खाते HDIL व वाधवान से जुड़े हैं। उन 10 खातों में से एक सारंग वाधवान व दूसरा राकेश वाधवान का व्यक्तिगत खाता है। गुरुवार को इन दोनों को पूछताछ के लिए बुलाया गया था, जाँच में योगदान नहीं करने पर यह गिरफ्तारी हुई है।

सूत्रों का बोलना है कि बैंक की हार्डशिप कमेटी भारतीय रिजर्व बैंक से मंजूरी लेकर ग्राहक को ज्यादा रकम दे सकती है। पिछले दिनों पीएमसी बैंक की धोखाधड़ी सामने आने के बाद भारतीय रिजर्व बैंक की तरफ से खाता से निकासी की रकम 10,000 रुपये तय की गई थी। भारतीय रिजर्व बैंक के इस कदम के बाद बैंक के हजारों ग्राहक बहुत ज्यादा परेशान थे।