यह दंपती पौधो से कर रहे यह चौंका देने वाला काम, जानकर उड़ जाएंगे आपके होश

यह दंपती पौधो से कर रहे यह चौंका देने वाला काम, जानकर उड़ जाएंगे आपके होश

इंग्लैंड के एक दंपती गेविन व एलिस मुनरो फर्नीचर के आकार में पौधे उगा रहे हैं. वे अब तक 250 कुर्सियां, 100 लैंप व 50 मेज उगा चुके हैं. गेविन का बोलना है इस तरह नए फर्नीचर तैयार करने के लिए लकड़ी को कम से कम काटना पड़ेगा. किसी 50 वर्ष पुराने पेड़ को टुकड़ों में काटकर फर्नीचर बनाने से बेहतर है कि पौधों को फर्नीचर के रूप में उगाया जाए.

  1. गेविन के मुताबिक कि ये फर्नीचर 3डी प्रिंटिंग की तरह हैं. जिसे भिन्न-भिन्न आकार दिया जा सकता है. गेविन बताते हैं कि जब वह छोटे थे तोदेखा, एक बोनसाई का पौधा इतना ज्यादा बढ़ गया था कि कुर्सी की तरह दिखाई दे रहा था. यहीं से फर्नीचर की शक्ल में पौधेउगाने का ख्याल आया. गेविन कहते हैं, जन्म के समय उनकी रीढ़ की हड्डी मुड़ी हुई थी, जिसके कारण उन्हें कई वर्षों तक मेटल फ्रेम पहनना पड़ा.

  2. गेविन का बोलना है, इस इस्तेमाल की आरंभ 2006 में हुई जबघर की जमीन पर दो कुर्सियां उगाईं. 2012 में एलिस से विवाह के बाद, दोनों ने मिलकर एक कंपनी की आरंभ की व फर्नीचर उगाने के आइडिया को कारोबार में तब्दील किया. पहली बार जब कारोबार के लिए फर्नीचर उगाने की प्रयास कीतोपूरी फसल गौ माता व खरगोश चर गए.

  3. गेविन के मुताबिक, इसे तैयार करने में बहुत ज्यादा समय लगता है. पौधों की डालियों को उनकी ग्रोथ के उल्टा दिशा में मोड़ना पड़ता है. इसे कौन सा आकार देने के लिए किधर मोड़ना इसमें दंपती पारंगत हो चुके हैं. ऐसे तैयार की जाने वाली एक कुर्सी की मूल्य 8 लाख रुपए है. वहीं लैंप की मूल्य 80 हजार व मेज की 11 लाख रुपए तक है.

  4. एक कुर्सी को तैयार होने पर 6-9 महीने का वक्त लगता है व इतना ही समय इन्हें सूखने में लगता है. फर्नीचर को तैयार करने का यह कोई नया उपाय नहीं है. प्राचीन समय में रोमन, चीनी व जापानी लोग भिन्न-भिन्न आकार वाले पौधों से ही चीजें बनाते थे. दंपती अपने इस्तेमाल को जारी रखने के लिए एक फार्म खरीदना चाहता है व इस कला को संसार में फैलाने की योजना बना रहा है.