वित्तीय नुकसान से उबरने के लिए ऑफिसर ने किया कुछ ऐसा, अब हिरासत में

वित्तीय नुकसान से उबरने के लिए ऑफिसर ने किया कुछ ऐसा, अब हिरासत में

हाल में एक औनलाइन गेम खेलने के दौरान हुए वित्तीय नुकसान से उबरने के लिए फर्म से कथित तौर पर 38 करोड़ रुपये की ठगी करने के आरोप में यहां वैश्विक निवेश फर्म गोल्डमैन साक्स के एक वरिष्ठ ऑफिसर को मंगलवार को हिरासत में लिया गया.

पुलिस ने यह जानकारी दी. व्हाइटफील्ड के पुलिस उपायुक्त एम एन अनुचेथ ने 'पीटीआई-भाषा को बताया कि फर्म के उपाध्यक्ष अश्विनी झुनझुनवाला को हिरासत में लिया गया है व उन्हें न्यायालय में पेश किया जाएगा. पुलिस ने बताया कि झुनझुनवाला का सहयोगी वेंदात अभी भी फरार है.

कंपनी के कानूनी प्रमुख अभिषेक परशीरा की शिकायत के आधार पर इन दोनों के विरूद्ध आपराधिक विश्वासघात व धोखाधड़ी समेत आईपीसी की विभिन्न धाराओं के तहत मुद्दा दर्ज किया गया था. प्राथमिकी के अनुसार झुनझुनवाला ने अपने मंसूबों को अंजाम देने के लिए अपने तीन अधीनस्थों गौरव मिश्रा, अभिषेक यादव व सुजीत अप्पैया का प्रयोग किया था.

उसने कथित तौर पर उन्हें प्रशिक्षण के बहाने अपने साथ ले लिया था. प्राथमिकी में बोला गया है, ''अपने कंप्यूटर पर कार्य करते हुए, उन्होंने उन्हें किसी न किसी बहाने जैसे पानी लाने के बहाने उन्हें दूर भेज दिया व उनके सिस्टम पर लॉग इन कर लिया. इसमें बोला गया है कि झुनझुनवाला ने दो किश्तों में 38 करोड़ रुपये की राशि इंडस्ट्रियल एंड कर्मिशयल बैंक ऑफ चाइना में हस्तांतरित कर दी.

पुलिस ने बताया कि वेदांत को धोखाधड़ी गतिविधियों के लिए कंपनी से बर्खास्त किया जा चुका है. यह मुद्दा आंतरिक लेखा इम्तिहान के दौरान छह सितम्बर को प्रकाश में आया था.