हसन की यह टिप्पणियां किसी भी अच्छे इंसान को नहीं है स्वीकार्य, पढ़े पूरी खबर

हसन की यह  टिप्पणियां किसी भी अच्छे इंसान को  नहीं है स्वीकार्य, पढ़े पूरी खबर

 पाक में सत्तारूढ़ तहरीक-ए-इंसाफ पार्टी के नेता फैयाज उल हसन ने कुछ समय पहले हिंदू विरोधी टिप्पणी की थी. अब पार्टी ने दोबारा उन्हें सूचना मंत्री का पद सौंप दिया. अब पार्टी के सांसद व हिंदू समुदाय के वरिष्ठ नेता डाक्टर रमेश कुमार ने फैयाज उल हसन को एक बार फिर से पंजाब का सूचना मंत्री बनाए जाने पर सवाल उठाते हुए बोला कि इससे 'गलत संदेश' जाएगा. बता दें कि हसन को सोमवार को पंजाब प्रांत के सीएम उसमान बजदर ने एक बार फिर से प्रांत का सूचना मंत्री बनाया. उनके पास कॉलोनी मंत्रालय का प्रभार भी है.

बालाकोट एयर हड़ताल के वक्त की थी हिंदू विरोधी टिप्पणी

पुलवामा आतंकवादी हमले के बाद हिंदुस्तान द्वारा पाक स्थित बालाकोट के आतंकवादी शिविरों पर हमले के बाद मार्च में हसन ने हिंदू विरोधी टिप्पणी की थी. इस पर जमकर हंगामा मचा था व खुद पीएम इमरान खान ने इसे अस्वीकार्य बताया था. इसके बाद हसन ने अपनी टिप्पणी पर माफी मांगते हुए बोला था कि वह भारतीय बोलना चाह रहे थे लेकिन हिंदू निकल गया था. उस वक्त टकराव बढ़ने के कारण उन्हें सूचना मंत्री पद से त्याग पत्र देना पड़ा था.

दो महीने में ही हो गई थी पंजाब मंत्रिमंडल में वापसी

दो ही महीने के अंदर हसन की एक बार फिर पंजाब मंत्रिमंडल में वापसी हो गई व उन्हें कॉलोनी मंत्री बनाया गया व अब इसके साथ उन्हें एक बार फिर से पहले की ही तरह प्रांत का सूचना मंत्री बना दिया गया है. इस पर डाक्टर रमेश कुमार ने बोला कि यह पीएम का विशेषाधिकार है कि वह किसी को भी किसी किरदार के लिए चुनें. लेकिन 'पहले से ही परख लिए गए इंसान को फिर से परखने' का अर्थ यह है कि इस समय पार्टी के पास ऐसे लोग नहीं हैं जो इस पद के लिए अधिक बेहतर होते.

उनकी टिप्पणियां किसी भी अच्छे इंसान को स्वीकार्य नहीं

हसन की टिप्पणी के विरूद्ध जोरदार आवाज उठा चुके कुमार ने बोला कि 'नकारात्मक सोच' रखने वाले आदमी को यह पद नहीं दिया जाना चाहिए था. इससे पहले बतौर सूचना मंत्री उनकी (हसन की) किरदार बहुत निगेटिव रही थी व उनकी टिप्पणियां किसी भी अच्छे इंसान को स्वीकार्य नहीं हो सकतीं. यह पीएम का विशेषाधिकार है लेकिन इससे गलत संदेश जाएगा.