पुराना तकिया से फैलता बैक्‍टीरियल संक्रमण का खतरा

पुराना तकिया से फैलता बैक्‍टीरियल संक्रमण का खतरा

क्या आपको तकिया लेने का जितना शौक है उतना ही उसके रखरखाव का भी है। अगर नहीं, तो इस वजह से आपका यह शौक आपको धीरे-धीरे बीमार कर देगा। सारे दिन की भागदौड़ के बाद आपको सुकून की नींद की जरूरत तो होगी ही। ऐसे में आरामदायक व मुलायम तकिया आपके लिए सोने में सोने पर सुहागे से कम नहीं होता। हम आपको बता देना चाहते हैं कि आपकी तकिये का ठीक रखरखाव न होने के कारण यह बीमारी का जरिया भी बन जाता है।

दर्द का कारण:पुराने तकिये का अधिक समय तक इस्तेमाल करने से गर्दन व पीठ में दर्द होने कि सम्भावना है। चूंकि हमें सोते वक्‍त थोड़े सहारे की आवश्यकता होती है व अगर तकिये से ठीक ढंग से सहारा न मिले तो रीढ़ की ह‍ड्डी पर दबाव पड़ता है व इसके कारण गर्दन या कमर में भी दर्द होने लगता है।

बैक्‍टीरियल संक्रमण का खतरा:आपको भले ही आपके पुराने तकिये से लगाव हो व इसके बिना आपको नींद नहीं आती हो पर क्‍या आप ये बात जानते हैं कि आपको चैन व सुकून की नींद देने वाला ये तकिया बैक्‍टीरिया का घर भी बन जाता है। आपके पुराने तकिये में बहुत ज्यादा बैक्टीरिया व धूल हो जाती है। घर के अंदर आने वाली धूल-मिट्टी तकिये पर जम जाती है।

इन बातों का रखें विशेष ध्‍यान:अगर आप तकिया को लंबे समय तक प्रयोग करना चाहते हैं तो आपको कुछ बातों को ध्‍यान में रखना चाहिए। ।

- तकिये के साथ-साथ इसके कवर का भी ध्‍यान रखें। तकिये का कवर ऐसा हो जिससे धूल-मिट्टी अंदर तक न पहुंचे। अगर मुमकिन हो सके तो अपने बेडरूम में डी-ह्यूमिडफायर लाकर रख लें।

-अगर आपके बाल गीले हों तो तकिये पर न लेटें, क्‍योंकि गीली व गंदी स्थान पर बैक्टीरिया जल्‍दी व ज्‍यादा पनपते हैं।

- इन सुझावों व तरीकों को ध्‍यान में रखेंगे तो आपकी नींद के बीच में आपका तकिया नहीं आयेगा। आपको चैन की नींद भी आएगी व आप हमेशा स्वस्थ्य रहेंगे।