क्लियर क्षमता कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया  बनाने को लेकर है एग्रीमेंट

क्लियर क्षमता कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया  बनाने को लेकर है एग्रीमेंट

 यूएस की एनर्जी कंपनी वेस्टिंगहाउस हिंदुस्तान में सरकार द्वारा संचालित कंपनी न्यूक्लियर क्षमता कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया के साथ छह न्युक्लियर रिएक्टर्स बनाने को लेकर एक नए एग्रीमेंट पर हस्ताक्षर हो सकती है. आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनॉल्ड ट्रंप की अगले सप्ताह होने वाली हिंदुस्तान यात्रा के दौरान इस एग्रीमेंट पर हस्ताक्षर हो सकते हैं.

इस एग्रीमेंट में आंध्र प्रदेश के कोव्वाडा में रिएक्टर्स के निर्माण के लिए लोकल कंस्ट्रक्टर के चयन, समयसीमा व साथ ही हिंदुस्तान के न्यूक्लियर दायित्व कानून की चिंताओं पर बात हो सकती है. वर्ष 2008 के सिविल न्यूक्लियर एनर्जी संधी के बाद से अमेरिका हिंदुस्तान को न्यूक्लियर रिएक्टर्स बेचने के बारे में बात कर रहा है. पिछले वर्ष दोनों सरकारों ने घोषणा की थी कि वे छह रिएक्टरों की स्थापना के लिए प्रतिबद्ध हैं.

पिछले हफ्ते हिंदुस्तान के लिए न्यूक्लियर एक्सपोर्ट्स को प्रमोट करने के एक कमर्शियल मिशन हेतु सरकारी अधिकारियों से वार्ता करने के लिए यूएस एनर्जी एंड कॉमर्स डिपार्टमेंट, वेस्टिंगहाउस, यूएस- इंडिया रणनीतिक पार्टनरशिप फोरम व न्यूक्लियर एनर्जी इंस्टीट्यूट के प्रतिनिधि हिंदुस्तान आए थे.

यूएस डिपार्टमेंट ऑफ एनर्जी में न्यूक्लियर एनर्जी कार्यालय के लिए सहायक सचिव डाक्टर रिता बरनवाल ने एक फोन साक्षात्कार में रॉयटर्स को बताया, 'हम वेस्टिंगहाउस व NPCIL को एमओयू साइन करने के लिए प्रोत्साहित करते हैं. यह निश्चित रूप से प्राइवेट इंडस्ट्री से प्राइवेट इंडस्ट्री के बीच व बिजनेस डू बिजनेस फैसला होगा.'

वेस्टिंगहाउस व एनपीसीआईएल आंध्र प्रदेश के कोव्वाडा में छह 1100 MW के रिएक्टर बनाने पर विचार कर रहे हैं. NPCIL ने इसके लिए बीते दिनों अमेरिका में वेस्टिंगहाउस का दौरा किया था.