राकेश झुनझुनवाला लगाने वाले हैं इस कंपनी में बड़ी रकम

राकेश झुनझुनवाला लगाने वाले हैं इस कंपनी में बड़ी रकम

शेयर बाजार के दिग्‍गज निवेशक राकेश झुनझुनवाला (Rakesh Jhunjhunwala) एक माइनिंग कंपनी में बड़ी हिस्‍सेदारी लेने वाले हैं। इस कंपनी का नाम Raghav Productivity Enhancers है। कंपनी Small Cap कैटेगरी की है। इस निवेश के बारे में कंपनी ने BSE को बताया है।

31 करोड़ का होगा निवेश

कंपनी के मुताबिक Rakesh Jhunjhunwala करीब 31 करोड़ रुपए का निवेश करेंगे। इस खबर के बाजार में फैलने के बाद कंपनी के शेयर के दाम ऊपर चढ़ गए। इस समय कंपनी का स्‍टॉक 790 रुपए CMP पर चल रहा है।

18 महीने बाद CCDs को इक्विटी शेयरों में तब्‍दील कर दिया जाएगा

कंपनी ने शेयर बाजार को जो सूचना दी, उसके मुताबिक Rakesh Jhunjhunwala के 31 करोड़ रुपए के निवेश के बदले उन्‍हें 600000 Unsecured Compulsory Convertible Debentures (CCD’s) दिए जाएंगे। ये अलॉटमेंट Private Placement आधार पर होगा। अलॉटमेंट के 18 महीने बाद CCDs को इक्विटी शेयरों में तब्‍दील कर दिया जाएगा।

क्‍या करती है कंपनी

Raghav Productivity Enhancers जयपुर बेस्‍ड कंपनी है। देश में Ramming Mass की मैन्‍युफैक्‍चरिंग में लगी यह कंपनी बड़ी प्‍लेयर है। Ramming Mass का इस्‍तेमाल स्‍टील प्‍लांट में इंडक्‍शन फर्नेसेज की लाइनिंग में होता है। कंपनी Glass, Ceramic, Artificial Marble, Semi Conductor, Electrode, Solar, Paint और दूसरे अन्‍य उद्योगों के लिए हाई ग्रेड क्‍वार्ट्ज पाउडर बनाती है। कंपनी अपने माल को 28 देशों को एक्‍सपोर्ट करती है। साथ ही इसकी सप्‍लाई पूरे भारत में है।


क्‍यों लगा रहे रकम

Rakesh Jhunjhunwala इस कंपनी में इसलिए रकम लगा रहे हैं क्‍योंकि वह मेटल कंपनियों के कारोबार में बढ़ोतरी देख रहे हैं। यह इस बात से जाहिर होता है कि उन्‍होंने जून तिमाही में ही SAIL में 1.39 फीसद Stake लिया है। यह आंकड़ा BSE पर उपलब्‍ध है।


प्रधानमंत्री मोदी के अभियान सौभाग्य योजना के तहत 2.82 करोड़ परिवारों को मिला बिजली कनेक्शन

प्रधानमंत्री मोदी के अभियान सौभाग्य योजना के तहत 2.82 करोड़ परिवारों को मिला बिजली कनेक्शन

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के द्वारा शुरू किए गए अभियान, सौभाग्य योजना के तहत अब तक 2.82 करोड़ परिवारों को बिजली का कनेक्शन हासिल हो चुका है। बिजली मंत्रालय ने शनिवार को यह जानकारी उपलब्ध कराई है। सौभाग्य योजना के चार साल पूरे होने पर एक बयान जारी करते हुए बिजली मंत्रालय ने यह कहा है कि, "इस योजना के शुरू होने के बाद से, इस साल 31 मार्च तक, 2.82 करोड़ घरों में बिजली का कनेक्शन दिया जा चुका है। मार्च 2019 तक, देश के ग्रामीण और शहरी दोनों इलाकों में 2.63 करोड़ घरों को 18 महीने के रिकॉर्ड समय में बिजली का कनेक्शन प्रदान किया गया था।"

"इसके बाद, सात राज्यों असम, छत्तीसगढ़, झारखंड, कर्नाटक, मणिपुर, राजस्थान और उत्तर प्रदेश राज्यों में, 31 मार्च, 2019 से पहले चिन्हित किए गए लगभग 18.85 लाख बिना बिजली कनेक्शन वाले घर, जो पहले कनेक्शन नहीं लेना चाहते थे, लेकिन बाद में उन्होंने बिजली कनेक्शन प्राप्त करने की इच्छा जाहिर की थी। इस तरह के घर भी इस योजना के तहत शामिल थे।"

क्या है सौभाग्य योजना

सौभाग्य योजना की घोषणा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 25 सितंबर, 2017 को की थी और यह दुनिया के सबसे बड़े घरेलू विद्युतीकरण अभियानों में से एक है। इस योजना का उद्देश्य अंतिम छोर तक कनेक्टिविटी के जरिए देश में 'सार्वभौमिक घरेलू विद्युतीकरण' प्राप्त करना है। इसके साथ ही, ग्रामीण क्षेत्रों के उन सभी घरों और क्षेत्रों में बिजली कनेक्शन देना है, जिन घरों और शहरी क्षेत्रों में गरीब परिवारों तक बिजली कनेक्शन नहीं पहुंचा है।


इस योजना की शुरुआत करते हुए, प्रधानमंत्री ने "नए युग के भारत" में बिजली कनेक्शन प्रदान करने और इक्विटी, दक्षता और स्थिरता की दिशा में काम करने का संकल्प लिया था। इस योजना के तहत कुल बजट 16,320 करोड़ रुपये का था, जबकि सकल बजटीय सहायता (जीबीएस) 12,320 करोड़ रुपये की थी।