जम्मू और कश्मीर में नहीं है जनता को कोरोना वायरस डर, जाने खबर

जम्मू और कश्मीर में नहीं है जनता को कोरोना वायरस डर, जाने खबर

 एकाएक बढ़ा ही जा रहा कोरोना का प्रकोप आज पूरी संसार के लिए महामारी का रूप लेता रहा है। वही इस वायरस की चपेट में आने से अब तक 35000 से अधिक मौते हो चुकी है। लेकिन अब भी यह मृत्यु का खेल थमा नहीं है। 

इस वायरस ने आज पूरी संसार को हिला कर रख दिया है। कई राष्ट्रों के अस्पतालों में बेड भी नहीं बचे है तो कही खुद डाक्टर इस वायरस का शिकार बनते जा रहें है। वहीं कोराना वायरस के लगातार बढ़ रहे मामलों के चलते जम्मू और कश्मीर के करीब 24 इलाकों को रेड जोन घोषित कर दिया गया है। इन इलाकों में लोगों के आने-जाने पर पाबंदी लगा दी गई है। ये वो इलाके हैं, जिनमें कोरोना वायरस के मुद्दे सामने आए हैं या यहां कई लोगों के संक्रमित होने की संभावना है।

सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार राजोरी व पुलवामा के बाद सोमवार को शोपियां व जम्मू के तीन इलाके भी रेड जोन घोषित कर दिए गए हैं। केन्द्र के निर्देशों के बाद जम्मू और कश्मीर के प्रवेश द्वार लखनपुर को भी सील कर दिया गया है। महत्वपूर्ण सामान के वाहनों के अतिरिक्त यहां से अन्य गाड़ियों समेत लोगों का प्रवेश पर भी पूरी तरह से रोक लगा दी है। अभी तक 14 दिन क्वारंटीन की शर्त पर लोग लखनपुर से ही प्रवेश कर पा रहे थे, लेकिन सोमवार से पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया गया है। इसी के साथ इमरजेंसी के लिए एसआरटीसी की ओर से जम्मू से प्रारम्भ की गई अंतर जिला बस सेवा भी रोक दी गई है। कई जिलों की सीमाएं सील कर दी गई हैं। बिना परमिट चल रहे वाहनों को जब्त करने के आदेश दिए गए हैं।

जंहा इस बात का पता चला है कि IGP कश्मीर ने प्राइवेट वाहनों में बिना परमिट जा रहे जा रहे लोगों को 14 दिन के क्वारंटीन में भेजकर गाड़ियां जब्त करने को बोला है। जम्मू की उपायुक्त सुषमा चौहान ने शहर के बाहरी इलाके भठिंडी, सुंजवां व गुज्जर नगर इलाके में पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है। इन क्षेत्रों से किसी को भी बाहर आने की अनुमति नहीं दी जाएगी। वहीं इस बात का भी पता चला है कि पुलिस को इस आदेश का सख्ती से पालन करवाने के आदेश दिए हैं। जानीपुर के भवानी नगर क्षेत्र में भी लाकडाउन व कठोर किया गया है। उधर, पिछले 48 घंटों के भीतर प्रदेश में आए व लखनपुर के क्वारंटीन सेंटर में भेजे गए लोगों का आंकड़ा छह हजार को पार कर गया है। प्रशासन की ओर से व्यक्तिगत स्कूलों से लेकर शिक्षण संस्थानों की इमारतों, राधा स्वामी सत्संग भवन, कॉलेजों आदि को क्वारंटीन सेंटर में बदला जा चुका है।